मतदाता सूची पुनरीक्षण का असर, 10 सीटों पर सर्वाधिक वोट हटे
देहरादून: उत्तराखंड में मतदाता सूचियों के विशेष पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के दौरान एक बड़ा खुलासा हुआ है। राज्य के जिन 10 विधानसभा क्षेत्रों में सबसे ज्यादा मतदाताओं के नाम काटे गए हैं, उनमें से छह सीटें सत्ताधारी भाजपा और चार सीटें मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस के कब्जे वाली हैं। चुनाव आयोग द्वारा जारी किए गए इन ताजा आंकड़ों से साफ है कि नाम हटाए जाने और डेटा प्रविष्टि (डेटा एंट्री) की गड़बड़ियों के मामले में देहरादून की धर्मपुर विधानसभा सीट पूरे प्रदेश में पहले पायदान पर पहुंच गई है। आंकड़ों के विश्लेषण से यह बात भी सामने आई है कि मतदाता सूची में छंटनी और संशोधन का सबसे बड़ा काम देहरादून और ऊधम सिंह नगर जिलों में ही केंद्रित रहा है।
वोटर लिस्ट से नाम हटने में धर्मपुर और काशीपुर सबसे आगे
पूरे उत्तराखंड में सबसे ज्यादा मतदाताओं के नाम हटाने के मामले में देहरादून की धर्मपुर सीट शीर्ष पर है, जहां कुल 1,46,861 मतदाताओं में से 29,251 वोट काट दिए गए हैं। इस सीट पर फिलहाल भाजपा का कब्जा है। नाम कटने के मामले में दूसरे नंबर पर भी भाजपा के ही कब्जे वाली ऊधम सिंह नगर की काशीपुर सीट है, जहां 28,701 वोट हटाए गए हैं। इसके ठीक बाद कांग्रेस की बाजपुर सीट का नंबर आता है, जहां 28,520 मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं। ऋषिकेश (27,120) और किच्छा (27,068) क्रमश: चौथे और पांचवें स्थान पर हैं। शीर्ष 10 की इस सूची में रायपुर (25,992), हल्द्वानी (20,867), रुद्रपुर (20,642), चकराता (20,623) और भेल रानीपुर (19,038) सीटें भी शामिल हैं।
त्रुटियों और डेटा की लापरवाही में भी देहरादून के क्षेत्रों का दबदबा
अगर मतदाता सूची में विसंगतियों यानी गलतियों की बात करें, तो टॉप-10 विधानसभा क्षेत्रों में से अकेले पांच सीटें देहरादून जिले की हैं। इनमें धर्मपुर, सहसपुर, रायपुर, डोईवाला और ऋषिकेश शामिल हैं। आंकड़ों के मुताबिक, धर्मपुर विधानसभा क्षेत्र सबसे ज्यादा 53,883 त्रुटिपूर्ण मतदाताओं के साथ पूरे राज्य में शीर्ष पर बना हुआ है। इसके बाद सहसपुर में 51,339 और रुद्रपुर में 48,363 मतदाताओं के डेटा में कमियां पाई गई हैं। इस सूची में शामिल सभी 10 सीटें पूरी तरह से मैदानी या अर्ध-शहरी इलाकों की हैं, जहां आबादी और मतदाताओं की संख्या काफी अधिक है। इन क्षेत्रों के आंकड़ों से यह स्पष्ट संकेत मिलता है कि यहां डेटा प्रविष्टि के स्तर पर सबसे ज्यादा लापरवाही बरती गई है।
रायपुर विधानसभा क्षेत्र में प्रतिशत के हिसाब से सबसे बड़ी गड़बड़ी
भले ही कुल संख्या के आधार पर देहरादून की रायपुर विधानसभा सीट विसंगतियों की सूची में चौथे स्थान पर आती है, लेकिन अगर कुल मतदाताओं की तुलना में प्रतिशत निकाला जाए, तो यहां की स्थिति सबसे ज्यादा चिंताजनक है। रायपुर सीट पर कुल 1,36,724 मतदाता हैं, जिनमें से 47,396 यानी करीब 35 प्रतिशत आबादी के डेटा में गड़बड़ी पाई गई है। प्रतिशत का यह आंकड़ा सूची में सबसे ऊपर मौजूद शुरुआती तीनों सीटों की तुलना में भी काफी ज्यादा है। इसके अलावा प्रदेश की अन्य प्रमुख विसंगति वाली सीटों में डोईवाला (44,662), ऋषिकेश (42,344), भेल रानीपुर (42,228), खानपुर (42,179) और गदरपुर (41,089) शामिल हैं, जहां बड़े पैमाने पर सुधार की जरूरत है।

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