कर्नाटक में नया ब्लड ग्रुप सीआरआईबी मिला
10 महीने की रिसर्च के बाद खोजा गया; ये बेहद दुर्लभ, दुनियाभर में केवल 10 लोगों का
बेंगलुरु। कर्नाटक के कोलार जिले की एक 38 वर्षीय महिला में डॉक्टरों ने एक ऐसा ब्लड ग्रुप खोजा है, जो अब तक दुनिया में कहीं भी पहचाना नहीं गया था। इसे सीआरआईबी नाम दिया गया है। अभी तक दुनिया में इस ब्लड ग्रुप के 10 लोग ही सामने आए हैं।
यह मामला तब सामने आया जब महिला को दिल की सर्जरी के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया। महिला का ब्लड ग्रुप ओ आरएच+ था, जो कि सबसे आम माना जाता है। लेकिन जब सर्जरी के लिए खून जुटाया गया, तो कोई भी ह्र पॉजिटिव यूनिट उसके शरीर से मेल नहीं खा रही थी।
मामला गंभीर था, इसलिए जांच के लिए सैंपल को बेंगलुरु के रोटरी बैंगलोर टीटीके ब्लड सेंटर की एडवांस्ड लैब में भेजा गया। टीम ने महिला के 20 परिजनों के ब्लड सैंपल भी जांचे, लेकिन कोई मेल नहीं मिला। डॉ. अंकित माथुर ने बताया, हमने एडवांस टेस्टिंग की, जिसमें पाया गया कि मरीज का खून हर सैंपल से पैन-रिएक्टिव था, यानी किसी भी खून से मेल नहीं खा रहा था। हमें शक हुआ कि यह कोई नया या बहुत दुर्लभ ब्लड ग्रुप हो सकता है।

3 अगस्त से विधानमंडल सत्र का आगाज, संभल हिंसा रिपोर्ट पर विपक्ष के तेवर तेज होने के आसार
वाराणसी-मुंबई सुपरफास्ट को निशाना बनाने की कोशिश, इमरजेंसी ब्रेक से बची सैकड़ों यात्रियों की जान
अवैध पटाखा फैक्ट्री में धमाके से 10 की मौत, गुजरात में मचा हड़कंप
'सिर्फ गुस्सा नहीं, ठोस कदम जरूरी', शिक्षा मंत्री ने राहुल पर साधा निशाना
निशातपुरा स्टेशन तैयार, 26 जुलाई से तीन ट्रेनों के साथ शुरू होगी नई यात्रा
CJP हिंसा पर सख्त कार्रवाई, उपद्रवियों के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने दर्ज की नौ FIR
बृज भूषण ने मांगी माफी, हनुमानगढ़ी विवाद पर कहा- किसी को ठेस पहुंची हो तो खेद है
मध्य प्रदेश में जीवनरक्षक कानून लागू, शहर-गांव के लिए तय हुई गोल्डन टाइम सीमा
48 घंटे में बदला छात्र आंदोलन का पूरा घटनाक्रम, CJP प्रदर्शन बना सियासी मुद्दा
इंदौर में छात्रों का उग्र प्रदर्शन, टंट्याभील चौराहे पर NEET पेपर लीक के खिलाफ जुटी भीड़