परदेसी नाग की मेहनत लाई रंग
रायपुर : परदेसी नाग ने इस खरीफ सीजन में 5 एकड़ में मँछा धान और 5 एकड़ में बैगनी धान और 1 एकड़ में एक हजार किस्म के धान का रोपण किया। इससे उन्हें कुल लगभग 12 क्विंटल धान का उत्पादन मिला। इसमें से 5 क्विंटल धान परिवार के उपयोग के लिए रखा गया और बाकी धान बेचकर उन्होंने किसान क्रेडिट कार्ड से लिया गया 16 हजार रुपए का लोन चुका दिया।
किसान हितैषी नीति ने परिवार की आर्थिक स्थिति किया मजबूत
दंतेवाड़ा जिले के ग्राम चितालंका (पंडार पारा) के किसान परदेसी नाग ने कड़ी मेहनत और आधुनिक खेती पद्धतियों को अपनाकर अपनी किस्मत बदल दी है। परिवार के सहयोग से उन्होंने अपनी जमीन का बेहतर उपयोग करते हुए विविध फसलों की खेती में उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। उन्होंने बताया कि राज्य शासन की किसान हितैषी नीतियों, कृषि विभाग की तकनीकी सहायता तथा समय पर मिली गुणवत्ता युक्त बीज सामग्री ने खेती को सफल बनाने में बड़ी मदद की। बेहतर बाजार व्यवस्था और अच्छी उपज ने उनके परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत की है।
परदेसी ने प्रगतिशील किसान के रूप में अपनी पहचान बनाई
परदेसी नाग के परिवार की यह मेहनत अब उनकी आजीविका का मजबूत आधार बन चुकी है। उनकी सफलता अन्य किसानों के लिए भी प्रेरणा बन रही है और भविष्य में उपज व आय में और वृद्धि की संभावना है। कृषि विभाग द्वारा मिली सुविधाओं का उपयोग करते हुए परदेसी नाग लगातार उत्पादन बढ़ा रहे हैं और प्रगतिशील किसान के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर रहे हैं।

नरेंद्र मोदी ने इमैनुएल मैक्रों से की बातचीत, पश्चिम एशिया के तनाव पर चर्चा
जियोपॉलिटिक्स के महाकुंभ का उद्घाटन करेंगे Narendra Modi, चीफ गेस्ट होंगे Alexander Stubb
छत्तीसगढ़ से होकर चलने वाली 13 ट्रेनें 3 दिन तक रद्द, यात्रियों को अलर्ट
महायुद्ध की आहट हिंद महासागर तक, Rahul Gandhi ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना
हर साल 14,000 नई भर्तियों से दिल्ली मेट्रो की सुरक्षा और मजबूत
जस्टिस Surya Kant ने भूटानी न्यायपालिका में तकनीकी सुधार की दी सलाह
Arjun Tendulkar ने रचाई शादी, Mumbai में Sania Chandok संग लिए सात फेरे
उज्जैन की कांता गोयल ने मां की ममता से संवार दिए 100 बच्चों के सपने
दक्षिण एशिया में टकराव बढ़ा, बमबारी का तेल-गैस आपूर्ति पर क्या असर?
मध्य प्रदेश में वन मंजूरी में देरी से 48 सड़क परियोजनाएं अटकीं, CAG रिपोर्ट में बड़ा खुलासा