छत्तीसगढ़ विधानसभा में महिला आरक्षण पर जोरदार हंगामा, विपक्ष का वॉकआउट
रायपुर: विधानसभा में महिला आरक्षण संकल्प पारित; विपक्ष का हंगामा और वॉकआउट
रायपुर: छत्तीसगढ़ विधानसभा के विशेष सत्र में महिला आरक्षण से जुड़ा शासकीय संकल्प गुरुवार को भारी गहमागहमी के बीच पारित हो गया। सदन में सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली। अंततः विपक्ष ने विरोध स्वरूप सदन का बहिष्कार किया और उनकी अनुपस्थिति में ही यह प्रस्ताव पास कर दिया गया। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विपक्ष के इस कड़े रुख की आलोचना करते हुए इसे महिला विरोधी मानसिकता करार दिया।
विपक्ष की आपत्ति और सदन से बहिर्गमन
सत्र के दौरान कांग्रेस सहित विपक्षी दलों ने आरक्षण को लागू करने की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए।
-
मुख्य तर्क: विपक्ष का कहना था कि बिना नई जनगणना और परिसीमन के इस आरक्षण को लागू करना केवल एक छलावा है।
-
कदम: मुख्यमंत्री के वक्तव्य के दौरान असंतोष जताते हुए विपक्षी विधायकों ने सदन से वॉकआउट कर दिया।
मुख्यमंत्री का प्रहार: "जनता माफ नहीं करेगी"
सीएम विष्णुदेव साय ने सदन को संबोधित करते हुए कहा कि महिला सशक्तिकरण के इस ऐतिहासिक अवसर पर बाधा डालना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार की उपलब्धियां गिनाईं:
-
केंद्रीय योजनाएं: उज्ज्वला, जनधन और स्वच्छ भारत मिशन के जरिए महिलाओं के जीवन स्तर में सुधार।
-
राज्य की पहल: महतारी वंदन योजना के तहत महिलाओं को मिल रही निरंतर आर्थिक मदद।
-
दृष्टिकोण: सीएम ने कहा कि परिसीमन होने से प्रतिनिधित्व का दायरा बढ़ेगा, जिससे अधिक महिलाओं को राजनीति में आने का मौका मिलेगा।
डॉ. चरणदास महंत का पलटवार: "33% आरक्षण मंत्रिमंडल में दें"
नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने सरकार की मंशा पर सवाल उठाते हुए इसे एक 'राजनीतिक इवेंट' बताया।
-
चुनौती: महंत ने कहा कि यदि सरकार वास्तव में गंभीर है, तो उसे सबसे पहले अपने मंत्रिमंडल में 33% महिलाओं को जगह देनी चाहिए।
-
आरोप: उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा पुराने विधेयकों को लटकाकर केवल प्रतीकात्मक राजनीति कर रही है और महिलाओं को वास्तविक अधिकार देने से कतरा रही है।
राजनीतिक घमासान और भविष्य के संकेत
छत्तीसगढ़ की राजनीति में महिला आरक्षण अब एक बड़ा चुनावी मुद्दा बनता दिख रहा है। जहाँ भाजपा इसे अपनी सबसे बड़ी उपलब्धि के तौर पर पेश कर रही है, वहीं कांग्रेस इसे 'अधूरा एजेंडा' बताकर जनता के बीच जाने की तैयारी में है। विधानसभा में पारित यह संकल्प आने वाले समय में प्रदेश की सियासत की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

राशिफल 24 जुलाई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना बनी आर्थिक संबल
बाल श्रम पर जीरो टॉलरेंस, हर मुक्त बच्चे के पुनर्वास पर होगा विशेष फोकस
महिला एशियन चैंपियनशिप की तैयारियों को लेकर मंत्री सारंग नाथुबरखेड़ा अंतरराष्ट्रीय स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स का किया निरीक्षण
समान नागरिक संहिता को व्यापक जनसमर्थन
माँ चन्द्रहासिनी आरोग्य धाम बनेगा जनसेवा का नया केंद्र : वित्त मंत्री ओपी चौधरी
धमतरी जिले में 200 एकड़ से बढ़ाकर 600 एकड़ तक औषधीय खेती के विस्तार का लक्ष्य
मध्यप्रदेश पुलिस की साइबर अपराधियों पर लगातार कार्रवाई
इंदौर और विकास हैं एक दूसरे के पर्याय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
कृषि में छत्तीसगढ़ का नया अध्याय बनाया धमतरी जिले ने